Trending News
prev next

जानिए कैसे रहें 40 की उम्र में फिट

महिलाएं पति और बच्चों का तो खूब खयाल रखती हैं पर खुद को इग्नोर करती रहती हैं. युवावस्था तो सब झेल जाती है पर 40 की दहलीज पर पहुंचने पर समझदारी का साथ नहीं छोड़ना चाहिए. इस उम्र में फिट रहने के 20 फंडे हम आप को बता रहे हैं. इन में से कुछ तो आप जानती होंगी पर कुछ आप के लिए बिलकुल नए होंगे. अगर आप इन्हें धीरेधीरे अपने लाइफस्टाइल का हिस्सा बना लें तो बहुत सी परेशानियों से आप दूर रहेंगी.

कैल्सियम और आयरन हासिल करें: हिंदुस्तानी महिलाओं में आयरन और कैल्सियम की कमी आमतौर पर पाई जाती है. एक बार इन दोनों के टैस्ट करा लें और खानपान में ऐसी चीजें शामिल करें, जिन में इन की मात्रा अधिक हो. इन की गोलियां लेने से परहेज न करें.

एक प्याला सेहत का: कौफी हमारी दोस्त होती है. इस में मौजूद कैफीन फैट को ऐनर्जी में बदलने के लिए उकसाता है. यह काम ग्रीन टी भी बखूबी करती है. इसलिए दोनों को अपना दोस्त मानें.

वेट टे्रनिंग करें: आप ने पहले कभी जिम जौइन की हो या नहीं फर्क नहीं पड़ता. अब मसल्स कमजोर पड़ रहे हैं. वेट टे्रनिंग उन्हें मजबूती देती है. हिंदुस्तानी महिलाएं वेट टे्रनिंग से परहेज करती हैं पर इस के कई फायदे हैं. जिम नहीं जा सकतीं तो घर पर इस की व्यवस्था कर लें.

शैड्यूल चेंज करें: अगर आप योग करती हैं या सैर पर जाती हैं और लंबे समय से यह करती आ रही हैं तो इस शैड्यूल में थोड़ा बदलाव करें. हैल्थ स्पैशलिस्ट से सलाह ले कर कुछ और चीजें शामिल करें तो कुछ चीजों को बंद करें. सैर का टाइम भी बदल सकें तो बदलें.

सप्लीमैंट्स का इस्तेमाल: इस उम्र में आप को सब से ज्यादा फिक्र अपने जोड़ों और हड्डियों की होनी चाहिए. कैल्सियम के बारे में हम बात कर चुके हैं. आप विटामिन डी, सी और ई का खयाल रखें. विटामिन सी और ई को एकसाथ लें. ऐक्सरसाइज करती हैं तो उस से 1 घंटा पहले डाक्टर से बात कर सप्लीमैंट का चुनाव करें.

पोस्चर पर ध्यान दें: पुरुषों के मुकाबले महिलाओं को कंधों, गरदन और कमर दर्द की शिकायत ज्यादा होती है. इस की प्रमुख वजह बैठने और सोने के तरीके में गड़बड़ी है. अब जरा इस पर ध्यान दें. फिजियोथेरैपिस्ट से बात करें, कैसे बैठें, कैसे सोएं वगैरह जानें.

दिमाग से तैयार हों: खुद को बदलाव के लिए तैयार करें. लेख पढ़ने और मन में सोचने से कुछ नहीं होगा. अगर स्वस्थ रहना चाहती हैं तो इसे ठान लें. शुरू में लोग टोकेंगे भी मगर उसे आप को संभालना है. ‘मैं करूंगी’, ‘मैं करना चाहती हूं’ की जगह ‘मैं कर रही हूं’, ‘मैं जा रही हूं’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल करें.

स्पोर्ट्स शूज खरीदें: हो सकता है आप को आदत न हो, मगर टहलने के लिए स्पोर्ट्स शूज अच्छे होते हैं. अपनी पसंद के शूज खरीदें और उसी में टहलने या जिम जाएं.

गलती से घबराएं नहीं: अगर कुछ नतीजे सामने नहीं आए तो परेशान होने की जरूरत नहीं. दोबारा नई तकनीक के साथ चीजें शुरू करें. ऐक्सपर्ट की मदद लेने में कोई बुराई नहीं.

सब को बताएं: आप जो कुछ कर रही हैं और जो कुछ करना चाहती हैं उस के बारे में खुद से जुड़े लोगों को जरूर बताएं. ताकि वे लोग आप की सफलता पर आप को बधाई दें और टोकते भी रहें, ‘आज जिम नहीं जा रहीं…’

खानासोना ऐसे हो: रात का खाना सोने से 2 घंटे पहले खा लें. खाने के बाद कम से कम 100 कदम टहलें, लेकिन खाने के तुरंत बाद नहीं थोड़ा रुक कर.

स्पा और मसाज: हफ्ते में एक बार अगर जेब आप को मंजूरी देती हो तो मसाज और स्पा का लुत्फ उठाएं. नहीं तो घर में किसी से कहें वह आप की मालिश कर दे. प्यारमुहब्बत से सब काम हो जाते हैं.

बाथरूम पर ध्यान दें: घर का सब से खतरनाक इलाका बाथरूम होता है. घर के बड़े अकसर वहीं फिसल कर चोट खाते हैं. घर में आदेश जारी कर दें कि कोई भी बाथरूम को गीला नहीं छोड़ेगा. इस्तेमाल के बाद तुरंत वाइपर से पानी पोंछ दें. बाथरूम में कभी जल्दी में न घुसें.

शुरुआत फल के साथ: दिन की शुरुआत किसी फल से करें. सेब अच्छा फल है, नहीं तो जो भी मौसमी फल मिले उसे खाएं. सेहत के लिए जितना अच्छा अनार है उतना ही अमरूद भी है.

आंवला कैंडी, बेल का मुरब्बा: पेट को दुरुस्त रखने में बेल का कोई जवाब नहीं. इस का फल तो आता ही है, मुरब्बा, पाउडर और सिरप भी आता है. आंवले की कैंडी इस्तेमाल करें.

पिएं और पीती रहें: अरे रे, शराब मत समझ लेना. हम पानी की बात कर रहे हैं. पानी किसी टौनिक से कम नहीं है. हमेशा साथ रखें और सिप कर के पीती रहें.

प्रोटीन से प्यार: प्रोटीन आप के कमजोर होते मसल्स में नई जान फूंक देगा. इस की मात्रा बढ़ाएं. यह मेटाबौलिज्म को तेज करते हुए फैट बर्न करने में भी मदद करता है.

चैकअप कराएं: डाक्टर से सलाह ले कर शुगर, कोलैस्ट्रौल, थाइराइड और एचबी की जांच करवाती रहें. जहां भी गड़बड़ी हो डाइट प्लान उसी हिसाब से करें.

नाराज होना बंद करें: यह बात बहुत जरूरी है. क्या जल गया, क्या खल गया इन सब का ध्यान रखना आप का काम है, मगर पैनिक होने की जरूरत नहीं. बच्चों को खुद सीखने दें. खुश रहना 100 बीमारियों का इलाज है

 

विज्ञापन

अन्य ख़बरे

  • 18 जून 1858 को शहीद हुई थीं लक्ष्मीबाई
    सत्यम् लाइव, 18 जून, 2021, दिल्ली।। लक्ष्मीबाई का जन्म वाराणसी में 19 नवम्बर 1828 को हुआ था। उनका बचपन का नाम मणिकर्णिका था लेकिन प्यार से उन्हें मनु कहा जाता था। उनकी माँ का नाम भागीरथीबाई और पिता का नाम मोरोपंत […]
  • बिहार में बाढ का खतरा
    सत्यम् लाइव, 18 जून 2021, दिल्ली।। चैत्र मास लगते ही यास तूफान ने प्रकृति के सारे समीकरण को बदल कर रख दिया है वैसे तो पूरे देश में भयंकर बारिश हुई है और स्थिति ये है कि राजस्थान के उदयपुर जैसे शहर में पानी का स्तर […]
  • नव उदारवाद की तरफ बढाये जा सकते हैं कदम
    सत्यम् लाइव, 17 जून 2021, दिल्ली।। कोरोना काल में सरकारें आगे आई है। प्रायः जो कुछ बाजार के भरोसे छोड़ दिया जाता रहा है उसे अब सरकारें नियंत्रित कर रही है।कोरोना काल के बाद जैसे ही सरकारें आगे आई है उसके बाद से कई […]
  • उत्तर ट्रस्ट को देना चाहिए …. आचार्य सत्येंद्र मुख्य पुजारी
    सत्यम् लाइव, 16 जून 2021, दिल्ली।। जिस प्रकार का आरोप लग रहा है इसका उत्तर ट्रस्ट को देना चाहिए। केवल 5 मिनट में 2 करोड़ की सं​पत्ति 18.5 करोड़ की खरीदी जाती है, इतनी महंगी जमीन विश्व में कहीं नहीं होगी। इसकी जांच […]
  • राजस्थान सरकार बनाएगी वैदिक शिक्षा व संस्कार बोर्ड
    सत्यम् लाइव, 16 जून 2021 दिल्ली।। भारतीय जनता के जाग्ररूकता का ही परिणाम कहा जा सकता है कि राजस्थान सरकार ने वैदिक शिक्षा एवं संस्कार बोर्ड बनाने की घोषणा कर दी है। राज्य के तकनीकी और संस्कृत शिक्षा राज्य मंत्री […]
  • मैंने यह पौधा रोपा है व गोद भी लिया है और यह पौधा आजीवन मेरा है : इंस्पेक्ट…
    सत्यम लाइव, दिल्ली : थानाध्यक्ष भारत नगर के मोहर सिंह मीणा ने अपने थाने के प्रांगण में अमरूद का पौधारोपण किया और उन्होंने शपथ लिया की वह आजीवन इस पौधे की देखभाल करेंगे। खास बात यह रही कि उन्होंने किसी भी पुलिस […]
  • मै कौन हूॅ? ……. अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत
    सत्यम् लाइव, 15 जून 2021, दिल्ली।। सुशांत सिंह राजपूत को दुनिया से गए आज एक साल पूरा हो चुका है. 14 जून 2020 को सुशांत सिंह राजपूत को उनके मुंबई के बांद्रा स्थित अपार्टमेन्ट में मृत पाये जाते हैं। इस विषय को जरा […]

Be the first to comment

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.